Friday, 13 October 2017

दीपावली diwali


आओ ऐसे दिवाली मनाएँ

 मिलजुल कर हम सब गाए,  

 आओ ऐसे दिवाली मनाए ।  

 अंधकार के साम्राज्य को,

 चलो रोशनी से नहलाये ,

 नाउम्मीद्दी में भी हम एक,

 उम्मीद का दिया जलाए,

 आओ ऐसे दिवाली मनाए ।


 खुशियों की फुलझड़ियाँ जलाकर,

 भाईचारे की चकरी चलाए


 उन्नत्ति का राकेट चलाकर

 नफरत का तमस मिटाये

 आओ ऐसे दिवाली मनाए ।


 हमें सुरक्षा देने वाले

 सीमा की रक्षा करने वाले

 वीर जवानों के नाम का भी,

 एक दीपक जरूर जलाएँ,

 आओ ऐसे दिवाली मनाए ।

 अपने बुजुर्गों के साथ भी,

 कुछ समय जरूर बिताए,

 बचपन की याद दिलाकर,

 उनकी उदासी दूर भगाएँ,

 आओ ऐसे दिवाली मनाए ।


 पुराने टूटे रिश्तों में भी,

 एक नया जोश जगाये,

 अहंकार का त्याग करके,

 भाईचारा और प्रेम बढ़ाए,

 आओ ऐसे दिवाली मनाए ।





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